फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों का मुंबई दौरा: रणनीतिक दोस्ती की नई उड़ान

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और प्रथम महिला ब्रिजिट मैक्रों 16 फरवरी 2026 की देर रात तीन दिवसीय भारत दौरे पर मुंबई पहुंचे। मंगलवार, 17 फरवरी को मुंबई के छत्रपति शिवाजी महाराज अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डे पर महाराष्ट्र के राज्यपाल और मुख्यमंत्री ने उनका गर्मजोशी से स्वागत किया। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने राष्ट्रपति मैक्रों की मेजबानी के लिए विशेष रूप से मुंबई का चयन किया, जो इस शहर के वैश्विक आर्थिक और तकनीकी महत्व को दर्शाता है। यह मैक्रों की चौथी भारत यात्रा है, लेकिन मुंबई का उनका यह पहला आधिकारिक दौरा है। इस यात्रा का प्राथमिक उद्देश्य ‘होराइजन 2047’ रोडमैप के तहत रक्षा, अंतरिक्ष और परमाणु ऊर्जा जैसे पारंपरिक क्षेत्रों के साथ-साथ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) जैसे नए क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को और अधिक गहरा करना है।
दौरे के मुख्य आकर्षण के रूप में, प्रधानमंत्री मोदी और राष्ट्रपति मैक्रों ने मुंबई के ‘लोक भवन’ में द्विपक्षीय बैठक की और ‘भारत-फ्रांस नवाचार वर्ष 2026’ (India-France Year of Innovation 2026) का भव्य उद्घाटन किया। इस दौरान दोनों देशों के बीच रक्षा, स्वास्थ्य और आपूर्ति श्रृंखला (Supply Chain) जैसे प्रमुख क्षेत्रों में लगभग एक दर्जन समझौतों (MoUs) पर हस्ताक्षर किए गए। विशेष रूप से, टाटा और एयरबस की एच125 (H125) हेलीकॉप्टर असेंबली लाइन का वर्चुअली उद्घाटन किया गया, जो ‘मेक इन इंडिया’ अभियान के लिए एक मील का पत्थर है। शाम को गेटवे ऑफ इंडिया पर आयोजित एक विशेष सांस्कृतिक कार्यक्रम में दोनों नेताओं ने शिरकत की, जहाँ नवाचार और अनुसंधान के क्षेत्र में जुड़े स्टार्ट-अप्स और उद्यमियों को संबोधित किया गया।
मुंबई के कार्यक्रमों के समापन के बाद, राष्ट्रपति मैक्रों ‘AI इम्पैक्ट समिट 2026’ में भाग लेने के लिए नई दिल्ली के लिए रवाना हुए। रक्षा सौदों के मोर्चे पर, 114 राफेल लड़ाकू विमानों की खरीद और रक्षा सहयोग समझौते को अगले 10 वर्षों के लिए नवीनीकृत करने पर भी चर्चा हुई। मैक्रों का यह दौरा न केवल भारत और फ्रांस के बीच अटूट विश्वास का प्रतीक है, बल्कि हिंद-प्रशांत क्षेत्र में दोनों देशों की बढ़ती रणनीतिक साझेदारी को भी मजबूती प्रदान करता है। इस यात्रा ने यह स्पष्ट कर दिया है कि भविष्य की जटिल चुनौतियों, विशेषकर तकनीकी और समुद्री सुरक्षा के मोर्चे पर भारत और फ्रांस एक-दूसरे के अपरिहार्य साथी हैं।



