पीएम मोदी का विपक्ष पर तीखा हमला: मुंबई में कांग्रेस की स्थिति पर तंज, विकास बनाम ‘नकारात्मक राजनीति’

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 18 जनवरी 2026 को असम के कालियाबोर में एक रैली के दौरान कांग्रेस पार्टी की गिरती राजनीतिक साख पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि देश की जनता ने अब स्पष्ट रूप से ‘विकासवाद’ को चुन लिया है और कांग्रेस जैसे उन दलों को पूरी तरह नकार दिया है जो केवल ‘नकारात्मक राजनीति’ में विश्वास रखते हैं। पीएम मोदी ने रेखांकित किया कि कांग्रेस ने पिछले कई दशकों में केवल वोट बैंक की राजनीति की है, जिसके कारण देश का भरोसा उस पर से उठ गया है। उन्होंने कहा कि विपक्ष के पास भविष्य के लिए न तो कोई विजन है और न ही कोई ठोस एजेंडा, यही कारण है कि वे हर चुनाव में नए निचले स्तर को छू रहे हैं।
प्रधानमंत्री ने विशेष रूप से मुंबई नगर निकाय (BMC) के हालिया चुनाव परिणामों का उदाहरण देते हुए कांग्रेस पर कटाक्ष किया। उन्होंने कहा, “जिस मुंबई शहर में कांग्रेस का जन्म (1885) हुआ था, आज वहीं वह चौथे या पांचवें नंबर की पार्टी बनकर रह गई है।” पीएम मोदी के अनुसार, जिस महाराष्ट्र पर कांग्रेस ने वर्षों तक एकछत्र राज किया, वहां अब पार्टी सिमट कर रह गई है। उन्होंने यह भी कहा कि हाल ही में आए महाराष्ट्र के 29 नगर निगमों के परिणाम बताते हैं कि जनता ने भाजपा-महायुती के ‘सुशासन’ मॉडल पर मुहर लगाई है। मुंबई में भाजपा और उसके सहयोगियों ने रिकॉर्ड सीटें जीतकर विपक्षी किले को ध्वस्त कर दिया है।
संबोधन के दौरान पीएम मोदी ने उत्तर-पूर्व के विकास और घुसपैठ के मुद्दे पर भी विपक्ष को घेरा। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस ने दशकों तक केवल घुसपैठियों को संरक्षण दिया ताकि अपनी सत्ता बरकरार रख सके, जबकि भाजपा सरकार असम की संस्कृति, जंगलों और विरासत की रक्षा कर रही है। प्रधानमंत्री ने जोर देकर कहा कि “ऐसी नकारात्मक पार्टी न तो देश का भला कर सकती है और न ही असम का।” उन्होंने जनता से अपील की कि वे विकास की इस निरंतरता को बनाए रखने के लिए भाजपा को अपना समर्थन जारी रखें। यह भाषण आगामी चुनावी राज्यों के लिए एक महत्वपूर्ण राजनीतिक संदेश माना जा रहा है।



