ईरान-अमेरिका तनाव: ट्रंप की ‘लॉक्ड एंड लोडेड’ चेतावनी से हड़कंप

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान में जारी व्यापक विरोध प्रदर्शनों के बीच तेहरान को अब तक की सबसे सख्त चेतावनी जारी की है। ट्रंप ने अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘ट्रुथ सोशल’ पर एक पोस्ट साझा करते हुए स्पष्ट कहा कि यदि ईरान अपनी “पुरानी आदत” के अनुसार शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों के खिलाफ घातक बल का प्रयोग करता है या उनकी हत्या करता है, तो अमेरिका मूकदर्शक नहीं रहेगा। उन्होंने बेहद आक्रामक लहजे में कहा, “हम लॉक्ड एंड लोडेड (हथियारों के साथ तैयार) हैं और आगे बढ़ने के लिए तैयार हैं।” यह बयान ऐसे समय में आया है जब ईरान की गिरती अर्थव्यवस्था और रियाल की कीमत में रिकॉर्ड गिरावट के कारण पिछले छह दिनों से वहां की जनता सड़कों पर है और कम से कम सात लोगों की मौत की खबरें आ रही हैं।
ट्रंप की इस खुली धमकी के बाद मध्य-पूर्व में युद्ध के बादल एक बार फिर गहरे हो गए हैं। ईरान के शीर्ष नेतृत्व ने इस पर तीखी प्रतिक्रिया दी है; सुप्रीम लीडर अयातुल्ला अली खामेनेई के सलाहकार अली लारीजानी ने चेतावनी दी है कि अमेरिका का कोई भी हस्तक्षेप क्षेत्र में अस्थिरता पैदा करेगा और अमेरिकी हितों को भारी नुकसान पहुँचाएगा। उन्होंने ट्रंप को अपने सैनिकों की सुरक्षा का ध्यान रखने की सलाह देते हुए कहा कि ईरान की सुरक्षा एक ‘रेड लाइन’ है। गौरतलब है कि इससे पहले जून 2025 में भी दोनों देशों के बीच तनाव चरम पर था, जब अमेरिका ने कथित तौर पर ईरानी परमाणु ठिकानों पर बमबारी की थी और जवाब में ईरान ने कतर स्थित अमेरिकी एयरबेस को निशाना बनाया था।
विशेषज्ञों का मानना है कि ट्रंप का यह बयान ईरान के भीतर चल रहे असंतोष को और अधिक हवा दे सकता है, जिसे ईरानी अधिकारी पहले ही ‘विदेशी साजिश’ बता रहे हैं। वर्तमान में ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेशकियन प्रदर्शनकारियों से बातचीत की कोशिश कर रहे हैं, लेकिन मुद्रास्फीति और बेरोजगारी के कारण उपजा जनाक्रोश थमने का नाम नहीं ले रहा है। मियामी में होने वाली रूस-अमेरिका शांति वार्ता के बीच ईरान के इस नए मोर्चे ने वैश्विक कूटनीति को एक बार फिर संकट में डाल दिया है। यदि ईरान ने प्रदर्शनकारियों पर सख्ती बढ़ाई, तो ट्रंप का ‘रेस्क्यू मिशन’ अंतरराष्ट्रीय संबंधों में एक नया और विनाशकारी मोड़ ला सकता है। दुनिया की निगाहें अब तेहरान के अगले कदम और वाशिंगटन की सैन्य तत्परता पर टिकी हैं।



